कैप्टन श्रित मिश्रा के नेतृत्व में इस टीम मे दो अधिकारी, दो जूनियर कमीशंड अधिकारी और दस अन्य रैंक शामिल थे। इस कठिन यात्रा के दौरान,टीम ने हिमालय के दुर्गम इलाके में ट्रैकिंग करते हुए कुल 156 किलोमीटर की दूरी तय की और 30 मई 24 को फाचू कंडी चोटी पर तिरंगा फहराया।
इस अभियान को 18 मई 24 को डॉट ऑन टारगेट डिवीजन के जनरल ऑफिसर कमांडिंग द्वारा हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया था।
अभियान का उद्देश्य साहस की भावना, प्रकृति संरक्षण और पारिस्थितिक पर्यटन की जागरूकता को बढ़ावा देना था। टीम ने मोरी के सुदूर गांव में स्कूली छात्रों के लिए भारतीय सेना में शामिल होने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने क्षेत्र के पूर्व सैनिकों को राष्ट्र के प्रति उनकी सेवा के लिए सम्मानित किया और वृक्षारोपण अभियान चलाया। मोरी गांव के स्थानीय लोगों के लिए एक मैडिकल कैम्प भी आयोजित किया गया।









