- ब्रांडेड कम्पनियों की नकली दवाईयां बनाने व बेचने वाले गिरोह का 01 और सदस्य आया एसटीएफ के शिकंजे में।
- नकली दवाईयों का पैकिंग मैटिरियल व लेवल बनवाकर प्रयोग करने वाले 01 सदस्यों को किया एसटीएफ द्वारा गिरफ्तार।
- एसटीएफ द्वारा इस अभियोग में पूर्व में 12 अभियुक्तगणों को पूर्व में गिरफ्तार किया जा चुका है।
पुलिस महानिदेशक श्री दीपम सेठ उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा एसटीएफ को नकली दवाईयों वाले गैंग की धरपकड हेतु कार्यवाही करने के निर्देश दिये गए थे। जिसके अनुक्रम में एसएसपी एसटीएफ श्री नवनीत सिंह मुल्लर द्वारा अपनी टीमों को स्पष्ट निर्देशित किया गया है कि इन नकली दवाईयों को बनाने वालों एंव बाजार में विक्रय करने वाले गैंग की कुंडली तैयार कर उनके खिलाफ कठोर कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। जिसके उपरान्त विभिन्न ब्रांडेड दवाई कंपनियों की जीवन रक्षक दवाईयों की हूबहू नकल कर नकली दवाईयों को तैयार कर बाजार में विक्य करने वाले गिरोह के 01 सदस्य को गिरफ्तार किया गया।
प्रकरणः उक्त मामले में एसएसपी एसटीएफ श्री नवनीत सिंह भुल्लर द्वारा जानकारी देते हुए बताया कि दिनांक 01.06.2025 को प्रतिष्ठित दवाई कम्पनियों के नकली रैपर व नकली आउटर बॉक्स, लेबल एव क्यूआर कोड भारी मात्रा के साथ एक व्यक्ति संतोष कुमार को पूर्व में गिरफ्तार किया गया था। जिस सम्बन्ध में थाना सेलाकुई देहरादून पर अभियोग पंजीकृत है। प्रकरण की गम्भीरता देखते हुए उच्चााधिकारियों द्वारा इस अभियोग की विवेचना थाना सेलाकुई, देहरादून से एसटीएफ को स्थान्तरित की गयी।
एसटीएफ टीम द्वारा ब्रांडेड कम्पनियों की नकली दवाई बाजार में विक्रय करने वालों की तलाश कर उनके विरूद्ध कार्यवाही करना एक चुनौती बना हुआ है। इस अभियोग में पूर्व में गिरफ्तार अभियुक्त संतोष कुमार पुत्र स्व० मुख्तयार निवासी बायंखाला सेलाकुई देहरादून ने दवाईयों के नकली लेवल बनाकर मोहन वैध उर्फ मोन्टी को दिये। मोहन वैध उर्फ मोन्टी द्वारा उक्त लेवल नकली दवाईयों के बॉक्स में लगाकर बाजार में बेचा गया एवं नकली दवाईयों के संगठित अपराध में सहयोग किया गया। जिसके उपरान्त एसटीएफ टीम द्वारा मैनुअली पुलिसिंग से अभियुक्त मोहन वैद्य उर्फ मोन्टी पुत्र एन्टोनी निवासी म०नं० 181 शिवा एन्कलेव जिरकपुर, मोहाली, पंजाब को दिनांक 04.02.2026 को देहरादून से गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान मोहन वैद्य उर्फ मोन्टी पुत्र एन्टोनी निवासी म०नं० 181 शिवा एन्कलेव जिरकपुर, मोहाली, पंजाब के रूप में हुई जिसके आपराधिक इतिहास की जानकारी अन्य राज्यों से एकत्र की जा रही है।







